Call for Paper: Last Date of Paper Submission by 29th of every month


Call for Paper: Last Date of Paper Submission by 29th of every month


सांस्कृतिक नव-चेतना के विकास में हिंदू शिक्षा की भूमिका

Authors: प्रीति कुमारी, यूजीसी नेट (जेआरएफ) शोध छात्रा, इतिहास विभाग, पाटलिपुत्र विश्वविद्यालय, पटना, बिहार.   DOI: 10.70650/rvimj.2025v2i800016   DOI URL: https://doi.org/10.70650/rvimj.2025v2i800016
Published Date: 11-08-2025 Issue: Vol. 2 No. 8 (2025): August 2025 Published Paper PDF: Download

सारांश: यह अध्ययन सांस्कृतिक नव-चेतना के विकास में हिंदू शिक्षा की भूमिका का समग्र विश्लेषण प्रस्तुत करता है। हिंदू शिक्षा परंपरा, मूल्यों और आध्यात्मिक दृष्टि पर आधारित ऐसी शिक्षण प्रणाली है, जो व्यक्तित्व निर्माण के साथ-साथ सामाजिक समरसता और नैतिक चेतना को भी सुदृढ़ करती है। गुरुकुल, वेद-उपनिषद, भक्ति आंदोलन तथा आधुनिक पुनर्जागरण की धाराओं के माध्यम से यह स्पष्ट होता है कि हिंदू शिक्षा ने समयानुकूल परिवर्तन स्वीकार करते हुए परंपरा और आधुनिकता के बीच संतुलन स्थापित किया है। अध्ययन से यह निष्कर्ष निकलता है कि सांस्कृतिक नव-चेतना केवल अतीत के संरक्षण तक सीमित नहीं है, बल्कि समकालीन सामाजिक, शैक्षणिक और वैश्विक संदर्भों में नए मूल्यों के सृजन से भी संबंधित है। हिंदू शिक्षा ने मान्यताओं, मूल्यों और सामाजिक व्यवहारों के माध्यम से व्यक्तियों में नैतिक अनुशासन, सहिष्णुता और कर्तव्य-बोध विकसित किया, जिससे सामाजिक जागरूकता का विस्तार हुआ। क्षेत्रीय विविधताओं और तुलनात्मक दृष्टिकोण के आधार पर यह भी स्पष्ट हुआ कि भारतीय समाज के विभिन्न भागों में शिक्षा ने सांस्कृतिक पहचान को विशिष्ट रूप में पोषित किया है। आधुनिक शिक्षा पद्धतियों के साथ संघर्ष और समन्वय की प्रक्रिया ने नव-चेतना को अधिक गतिशील बनाया तथा पाठ्यक्रम, नीतियों और शैक्षणिक संरचनाओं में आवश्यक परिवर्तन की प्रेरणा दी। अतः निष्कर्षतः कहा जा सकता है कि हिंदू शिक्षा सांस्कृतिक नव-चेतना की प्रेरक शक्ति है, जो परंपरागत मूल्यों का संरक्षण करते हुए नवीन सामाजिक चेतना, नैतिकता और सांस्कृतिक स्थिरता को सुनिश्चित करती है। यह शिक्षा प्रणाली व्यक्तियों में सांस्कृतिक आत्मबोध, सामाजिक उत्तरदायित्व और आध्यात्मिक संतुलन विकसित कर समकालीन समाज के लिए मार्गदर्शक सिद्ध होती है।

मुख्य शब्द: सांस्कृतिक नव-चेतना, हिंदू शिक्षा, परंपरा, नैतिक मूल्य, सामाजिक समरसता, आध्यात्मिकता, शिक्षा प्रणाली.


Call: 9458504123 Email: editor@researchvidyapith.com